नैनीताल: हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा के बाद हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ कार्यक्रम का मामला उत्तराखंड हाईकोर्ट पहुंच गया है। देहरादून के सामाजिक कार्यकर्ता बैजनाथ ने इस मामले में जनहित याचिका दायर की है। Haldwani Purification PIL में घटना से जुड़े वीडियो, CCTV फुटेज और दस्तावेजी साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की मांग की गई है। मल्लिकार्जुन खड़गे ने 8 अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में जनसभा की थी। इसके बाद मैदान में कथित तौर पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गंगाजल छिड़कने और ‘शुद्धिकरण’ कार्यक्रम किए जाने का मामला सामने आया।
वीडियो और CCTV रिकॉर्ड सुरक्षित रखने की मांग
याचिकाकर्ता ने अदालत से जनसभा की वीडियो रिकॉर्डिंग और उसके बाद मैदान में हुई गतिविधियों के फुटेज को सुरक्षित रखने के निर्देश देने की मांग की है। आसपास लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग को भी संरक्षित करने का अनुरोध किया गया है। याचिका में कहा गया है कि सार्वजनिक स्थान पर ऐसी कथित गतिविधियां सामाजिक तनाव पैदा कर सकती हैं। मामले से जुड़ी जानकारी RTI के जरिए भी मांगी गई है। Haldwani Purification PIL दाखिल होने के बाद अब इस विवाद ने कानूनी रूप ले लिया है। हालांकि, याचिका में लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर होगी।
NITIN KUMAR | RASHTRIYA MISSION
FAQ
सवाल: Haldwani Purification PIL किस मामले में दाखिल हुई है?
जवाब: यह PIL हल्द्वानी रामलीला मैदान में हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ कार्यक्रम से संबंधित है।
सवाल: याचिका में मुख्य मांग क्या है?
जवाब: वीडियो, CCTV फुटेज और संबंधित दस्तावेजी साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की मांग की गई है।
