Uttrakhand Heavy Rain का असर उत्तराखंड के बागेश्वर जिले में साफ दिखाई दे रहा है।
लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई स्थानों पर भूस्खलन होने से 12 मोटर सड़कें बंद हो गई हैं। इससे अनेक गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। वहीं, सरयू और गोमती नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है।
मौसम विभाग की चेतावनी के बाद जिला प्रशासन ने कक्षा 1 से 12 तक के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों के साथ-साथ आंगनबाड़ी केंद्रों में भी अवकाश घोषित कर दिया है। हालांकि निजी स्कूलों के शिक्षकों को विद्यालय पहुंचने और विद्यार्थियों की ऑनलाइन पढ़ाई जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
बारिश के कारण कई जगहों पर सड़कों पर मलबा, बड़े पत्थर और पेड़ गिर गए हैं। लोक निर्माण विभाग की टीमें मशीनों के साथ सड़कों को खोलने में जुटी हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और नदी-नालों के किनारे न जाएं।
जिला प्रशासन लगातार हालात की निगरानी कर रहा है। आपदा प्रबंधन विभाग को भी पूरी तरह सक्रिय रखा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत राहत और बचाव कार्य किया जा सके। Nitin Kumar | Rashtriya Mission की अपील है कि नागरिक केवल प्रशासन और मौसम विभाग की आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें तथा सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
प्रश्न 1: बागेश्वर में कितनी सड़कें बंद हुई हैं?
उत्तर: लगातार बारिश और भूस्खलन के कारण 12 मोटर सड़कें बाधित हो गई हैं।
प्रश्न 2: क्या स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है?
उत्तर: हां, सभी सरकारी और निजी विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित किया गया है।
प्रश्न 3: किन नदियों का जलस्तर बढ़ा है?
उत्तर: सरयू और गोमती नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।
प्रश्न 4: प्रशासन ने लोगों को क्या सलाह दी है?
उत्तर: अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों के पास नहीं जाने और मौसम विभाग के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
