Byline: NITIN KUMAR | RASHTRIYA MISSION
उत्तर प्रदेश में बढ़ता धार्मिक पर्यटन अब प्रॉपर्टी बाजार को भी नई रफ्तार दे रहा है। अयोध्या, वाराणसी, प्रयागराज, मथुरा, मिर्जापुर और चित्रकूट जैसे शहरों में आवासीय और कमर्शियल प्रॉपर्टी की मांग बढ़ रही है। यूपी धार्मिक पर्यटन रियल एस्टेट में निवेशकों और डेवलपर्स की दिलचस्पी भी तेजी से बढ़ी है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, राज्य के प्रमुख धार्मिक पर्यटन केंद्रों के औपचारिक रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश 2025 की पहली छमाही के करीब 982 करोड़ रुपये से बढ़कर 2026 की समान अवधि में लगभग 1,631 करोड़ रुपये पहुंच गया। यानी निवेश में करीब 66 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
धार्मिक शहरों में बढ़ी आवास की मांग
अयोध्या, मथुरा, वाराणसी, प्रयागराज और मिर्जापुर की रियल एस्टेट परियोजनाओं में आवासीय यूनिट्स भी बढ़ी हैं। इनकी संख्या H1CY25 के 2,481 से बढ़कर H1CY26 में 3,867 हो गई। वाराणसी में खास तौर पर बड़ी तेजी देखी गई। यहां निवेश करीब 205 करोड़ रुपये से बढ़कर लगभग 944 करोड़ रुपये पहुंचा। काशी विश्वनाथ धाम का विकास और अयोध्या में राम मंदिर से बढ़ा पर्यटन भी यूपी धार्मिक पर्यटन रियल एस्टेट के विस्तार में अहम भूमिका निभा रहा है।
FAQ
सवाल: यूपी में धार्मिक पर्यटन से रियल एस्टेट को क्या फायदा हो रहा है?
जवाब: पर्यटकों की संख्या बढ़ने से आवास, होटल, दुकान और दूसरी कमर्शियल प्रॉपर्टी की मांग बढ़ रही है।
सवाल: किन शहरों में रियल एस्टेट गतिविधियां बढ़ रही हैं?
जवाब: अयोध्या, वाराणसी, प्रयागराज, मथुरा, मिर्जापुर और चित्रकूट प्रमुख केंद्र हैं।
